गर्जिया देवी मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए जल्द शुरू होंगे दर्शन
उत्तराखण्ड
4 जुलाई 2026
गर्जिया देवी मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए जल्द शुरू होंगे दर्शन
रामनगर। रामनगर स्थित प्रसिद्ध गर्जिया देवी मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए जल्द ही दर्शन शुरू हो सकते हैं. सिंचाई विभाग, रामनगर के अधिशासी अभियंता अजय कुमार जॉन ने बताया है कि मंदिर के मुख्य टीले की सुरक्षा के लिए बंद किए गए कार्य को फिलहाल वर्षाकाल के कारण आगे नहीं बढ़ाया जा सकता. ऐसे में 5 जुलाई 2026 से मंदिर को श्रद्धालुओं के दर्शनार्थ खोले जाने की संभावना जताई गई है.
अधिशासी अभियंता ने बताया कि इसको लेकर हमारे द्वारा एक पत्र उपजिलाधिकारी रामनगर गोपाल सिंह चौहान को लिखा गया है. रामनगर के विश्व प्रसिद्ध गर्जिया देवी मंदिर में दर्शन के इंतजार में बैठे लाखों श्रद्धालुओं के लिए राहत भरी खबर सामने आई है. सिंचाई विभाग रामनगर के सिंचाई अभियंता अजय कुमार जॉन ने बताया कि मंदिर को आगामी 5 जुलाई से श्रद्धालुओं के लिए खोला जा सकता है.
दरअसल मंदिर के मुख्य टीले की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सिंचाई विभाग द्वारा सुरक्षा संबंधी कार्य किए जाने थे, इसी कारण मंदिर को 30 जून 2026 तक आम श्रद्धालुओं के लिए बंद रखा गया था, विभाग का उद्देश्य मंदिर परिसर और मुख्य टीले को सुरक्षित बनाना था. ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की दुर्घटना की आशंका न रहे.
हालांकि अब मानसून और लगातार हो रही बारिश के चलते सुरक्षा कार्यों को आगे बढ़ाना संभव नहीं हो पा रहा है. सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता ने इस संबंध में उपजिलाधिकारी रामनगर को पत्र भेजते हुए अवगत कराया है कि वर्तमान परिस्थितियों में निर्माण एवं सुरक्षा कार्य कराना संभव नहीं है. उन्होंने बताया कि यदि प्रशासन आवश्यक समझे तो आगामी 5 जुलाई 2026 से गर्जिया देवी मंदिर को श्रद्धालुओं के दर्शन के लिए खोला जा सकता है. विभाग ने इस संबंध में आवश्यक निर्णय लेने और आगे की कार्रवाई करने का अनुरोध भी किया है.
गौरतलब है कि गर्जिया देवी मंदिर उत्तराखंड के प्रमुख धार्मिक स्थलों में से एक है जहां प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं. मंदिर बंद होने के कारण श्रद्धालुओं को निराशा का सामना करना पड़ रहा था. अब विभाग उम्मीद जताई जा रही है कि प्रशासन की अंतिम अनुमति मिलते ही मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे और लोग एक बार फिर मां गर्जिया देवी के दर्शन कर सकेंगे. फिलहाल अंतिम निर्णय प्रशासन द्वारा लिया जाना बाकी है लेकिन सिंचाई विभाग की इस संस्तुति के बाद मंदिर खुलने की संभावना काफी प्रबल मानी जा रही है.
साल 2010 की बाढ़ के बाद से ही गर्जिया मंदिर के टीले में दरारें आनी शुरू हो गई थीं, जो समय के साथ बढ़ती चली गईं. इससे मंदिर की संरचना को खतरा पैदा हो गया था. इसके बाद सिंचाई विभाग द्वारा लगातार मरम्मत के प्रस्ताव भेजे गए और मई 2024 में पहले चरण का कार्य पूरा किया गया. फिलहाल दूसरे चरण का कार्य जारी है,जिसको लेकर फरवरी में भी कुछ दिनों के लिए मंदिर को बंद किया गया था. वहीं 10 मार्च से 30 अप्रैल तक पूर्ण रूप से बंद रखने के आदेश दिए गए थे, फिर इस अवधि को बढ़ाते हुए 30 जून तक बंद करने के निर्देश थे,लेकिन कार्य अभी हाई फ्लड लेवल (HFL) तक नहीं पहुंच पाया है. बता दें कि गर्जिया मंदिर टीले के सुरक्षात्मक कार्य के लिए 12 करोड़ से टीले को नई जिंदगी मिल रही है. वहीं अब मानसून के बाद अक्टूबर में पुनः कार्य शुरू किया जाएगा


