उत्तराखंड

स्वच्छता के क्षेत्र में मॉडल जिला बनाने के लिए जिला प्रशासन ने शुरू किये प्रयास

उत्तराखण्ड
27 नवम्बर 2025
स्वच्छता के क्षेत्र में मॉडल जिला बनाने के लिए जिला प्रशासन ने शुरू किये प्रयास
हरिद्वार। हरिद्वार को स्वच्छता के क्षेत्र में मॉडल जिला बनाने के लिए जिला प्रशासन ने अपने प्रयास शुरू कर दिए है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने हरिद्वार के सभी एंट्री प्वाइंट्स और मुख्य चौक चौराहों पर विशेष सफाई अभियान चलाने और उनके सौंदर्यकरण के निर्देश दिए हैं, जिसके बाद डीएम मयूर दीक्षित की अगुवाई में प्रशासन ने स्वच्छता अभियान तेज कर दिया है.

हरिद्वार जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि सबसे पहले हरिद्वार के चिड़ियापुर, भगवानपुर, खानपुर और नारसन बॉर्डर पर भव्य प्रवेश द्वार बनाकर उनका सौंदर्यकरण किया जाएगा, ताकि बाहर से आने वाले यात्रियों को हरिद्वार की सीमा में घुसते ही एक सुखद अनुभव हो.
अभियान के तहत हरिद्वार के डीएम मयूर दीक्षित ने एचआरडीए (हरिद्वार रुड़की विकास प्राधिकरण), नगर निगम और अन्य कई विभागों के अधिकारियों के साथ स्थलीय निरीक्षण किया. डीएम ने कहा कि हरिद्वार उत्तराखंड का प्रवेश द्वार है. इसलिए मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिले को मॉडल जिला बनाए जाने की कवायद चल रही है. इसके लिए सबसे पहले सफाई अभियान चलाकर चौके चौराहों, सड़कों और हाईवे का सौंदर्यकरण किया जाएगा. इसके लिए हरिद्वार रुड़की विकास प्राधिकरण, नगर निगम, नगर पालिका, जिला पंचायत, पीडब्ल्यूडी और एनएच समेत अभी विभागों को निर्देश दिए गए हैं. डीएम मयूर दीक्षित ने बताया कि हरिद्वार को मॉडर्न जिला बनाने के लिए सफाई बहुत जरूरी है. इसके लिए सबसे पहले आंतरिक चौक चौराहों और सड़कों की साफ सफाई की जाएगी. उसके साथ ही हरिद्वार जिले के जितने भी बॉर्डर हैं, उन बॉर्डर की साज सजावट की जाएगी. चिड़ियापुर, खानपुर, नारसन और भगवानपुर बॉर्डर पर प्रवेश द्वार बनाए जाएंगे. नारसन में पहले से बने प्रवेश द्वार का और भी ज्यादा सौंदर्यकरण किया जाएगा.

बॉर्डर पर सौंदर्यकरण का कार्य होने के बाद जब बाहर जाने वाले यात्री हरिद्वार की सीमा में प्रवेश करेंगे तो उन्हें एक अलग ही सुखद अनुभव की अनुभूति होगी. उन्होंने सभी विभागों को आपसी संबंध में बनाकर सौंदर्यकरण का कार्य करने के निर्देश भी दे दिए हैं. संस्थाओं के साथ ही आमजन का सहयोग लिया जाएगा. जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने बताया कि हरिद्वार को मॉडर्न जिला बनाने में जन सहभागिता भी बहुत जरूरी है. सभी विभाग तो इसमें अपनी भागीदारी निभाई रहे हैं, बल्कि अब विभिन्न समाज सेवी सगठनों के साथ ही भेल जैसी बड़ी कंपनियों से भी सहयोग लिया जाएगा. कई कंपनियों ने आगे आकर हरिद्वार को मॉडर्न जिला बनाने में सहयोग प्रदान करने की सहमति जताई है. जल्द ही सभी का सहयोग लेकर हरिद्वार को मॉडर्न जिला बनाने का अभियान तेज किया जाएगा.

उन्होंने बताया कि भेल कंपनी ने तो इसमें कार्य भी शुरू कर दिया है, इसके साथ ही जिलाधिकारी ने हरिद्वार की आम जनता से भी अपील की है कि हरिद्वार को मॉडल जिला बनाने में अपना सहयोग प्रदान करें.

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